जब उम्र थम गई, आस्था दौड़ती रही ! 29 साल से डाकबम बनकर देवघर जा रहे मनोज बम
गड़वार (बलिया) क्षेत्र के रामपुर असली गांव के प्रसिद्ध शिवभक्त "डाकबम" मनोज बम के कदम बाबा बैद्यनाथ के प्रति अटूट आस्था के आगे नही थमें। अंतिम सोमवारी पर जलार्पण के लिए रविवार को सुल्तानगंज पहुंचे मनोज बम उत्तरवाहिनी गंगा से पवित्र जल भरकर एक बार फिर बाबाधाम पहुंच कर जलाभिषेक किया। 58 वर्षीय मनोज बम वर्ष 1997 से लगातार बाबा बैद्यनाथ धाम को कांवर चढ़ाते आ रहे है। बीते 29 वर्षों से लगातार उन्होंने डाक कांवर के माध्यम से महज 16 से 17 घंटे में सुल्तानगंज से देवघर की दूरी तय कर जलार्पण करते आ रहे है। बीते वर्ष तेज बुखार और घुटने में दर्द के बावजूद उनकी आस्था बाबा बैद्यनाथ धाम पहुंचने से नही रोक सकी। सुल्तानगंज में गंगाजल उठाते ही उनके दर्शन और पैर छूकर आशीर्वाद लेने के लिए श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ पड़ी। विशेष बातचीत में मनोज बम ने कहा," जीवन में भयंकर से भयंकर कष्ट आए,लेकिन बाबा ने हमेशा आकर मुझे बचाया। 58 वर्ष की उम्र में यह ऊर्जा कहां से आती है,मैं नही बता सकता,यह सब बाबा की कृपा है। मेरी बस एक ही कामना है कि बाबा मेरा जल स्वीकार कर लें। उन्होंने यह भी बताया कि वे महाकाल (उज्जैन) और ओंकारेश्वर के लिए भी नर्मदा से कांवर लेकर चार दिनों तक पैदल चल चुके है।
रिपोर्ट :डी.पाण्डेय


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